साँसों का क्या भरोसा रुक जाए कब कहाँ पर
ईश्वर का नाम लेले हर वक़्त हर जहह पर
साँसों का क्या भरोसा ............
सच बोल तू हमेशा कर झूठ से तू तौबा
सच बोलने वालों की इज़्ज़त है हर जगह पर
साँसों का क्या भरोसा ............
कर कर्म इतने अच्छे जीवन तेरा सफल हो
इज़्ज़त से नाम तेरा आये सभी ज़ुबान पर
साँसों का क्या भरोसा ............
रख भाव तू दया का सब जीव जंतुओं पर
उनकी दुआ मिलेगी तुझको ही ज़िन्दगी भर
साँसों का क्या भरोसा ............
ना तू हंस कभी किसी पर ना तू दिल दुख किसी का
ना जाने कल तुम्हारा क्या हाल हो यहाँ पर
साँसों का क्या भरोसा ............
हंसों के जैसा जीवन जो तू चाहता है ए दिल
चुन ले गुणों के मोती बिखरे जहाँ जहाँ पर
साँसों का क्या भरोसा ............
दुःख में सभी हैं रटते ईश्वर का नाम लेकर
सुख में जो नाम ले ले दुःख फिर मिलेगा क्यों कर
साँसों का क्या भरोसा ............