हरी नाम बिन कौन तरे

हरी नाम बिन कौन तरे आओ भजन दिन रेन  करे,

तूने जीवन खेल गवाया क्यों मन का ये खेल रच्या,
मन के आंखे खोल के बंदे,
हरी भजन सुबहो शाम करे,
हरी नाम बिन कौन तरे आओ भजन दिन रेन  करे,

मान करे क्यों धन जोवन का मूल न जाने इस जीवन का,
कोड़ी बदले हीरा तज के मन अभिमानी अभिमान करे,
हरी नाम बिन कौन तरे आओ भजन दिन रेन  करे,

श्रेणी
download bhajan lyrics (1189 downloads)