न जाना छोड़ के लक्ष्मण
धुन- अकेले हैं चले आओ
न जाना, छोड़ के लक्ष्मण, हमें तुम ॥
न, सह पाएंगे, हम भाई, तेरा ग़म...
न जाना, छोड़ के लक्ष्मण...
है सीता, की ज़ुदाई, दुखी हूँ मेरे भाई ॥
जो तूँ भी, चल दिया तो, बड़ी, होगी तबाही...
न जाना, छोड़ के लक्ष्मण...
हुआ, बनवास मुझको, तूँ मेरे साथ था आया ॥
भाई, होने का लक्ष्मण, जो तूने, फ़र्ज़ निभाया...
न जाना, छोड़ के लक्ष्मण...
जाओ, हनुमान जाओ, जाओ संजीवनी लाओ ॥
मेरे, भाई लखन की, जल्दी से, जान बचाओ...
न जाना, छोड़ के लक्ष्मण...
सीता को, साथ लेकर, अयोध्या पूरी है जाना ॥
जो तूने, दम अगर तोडा, तो रोएगा, यह ज़माना...
न जाना, छोड़ के लक्ष्मण...
अपलोडर- अनिलरामूर्तिभोपाल