झूझन वाली दादी थारी मेंहदी लाया हा
सिंधारा करवाले दादी सावन आया हा
लाल लाल मेंहदी थारे हाथा में लगावा ॥
सोनी सोनी मैया थारे हाथा में rachava
तारा जड़ी चुनड़ी म साथ लाया हा
सिंधारा करवाले दादी सावन आया हा
सावन आयो मैया थारो झूलो म गलवा
दे दे के हिंडोला दादी थाने म झुलावा
टाबरा की टोली मैया साथ लाया हा ...
सिंधारा करवाले दादी सावन आया हा
मोटा मोटा दादी थारे गजरा बनवावा
जूही मोंगरा को दादी फुल लगवावा
सोने को हार दादी साथ लाया हा
सिंधारा करवाले दादी सावन आया हा
प्यारी प्यारी मावड़ी ने हाथा से सजाव
खीर पुडा को दादी भोग मैं लगवा
तरुण कहे दादी थारी महिमा गावा ह