ऐसो रंग रंगीलो फागण...जा में कितने रंग समाय...
कितने रंग समाय...बाबा थारे खाटु के माय...2
कोई लेर निशान चले है...कोई गाडी चढ़ कर आये...
कोई पेट पलणीय़ा खाये...बाबा थारे खाटु के माय...
कोई झुमे नाचे गाये...कोई ढप और चंग बजाये...
कोई रंग गुलाल उडाये...बाबा थारे खाटु के माय...
कोई दर्श करे आंशु छलकाये...कोई अर्जी लेकर आये...
कोई जात जडूला लाये...बाबा थारे खाटु के माय...
कोई सवामणी करवाये...कोई छप्पन भोग लगाये...
कोई मांग मांग कर खाये...बाबा थारे खाटु के माय...
कोई ज़िमे भंडारे मे...कोई होटल माही जाये...
कोई कढी कचौरी खाये...बाबा थारे खाटु के माय...