बडे माहरे मन भा गयो

मन में उठे हिलारो ये ग्यारस चानन की आ गई
सारो गुण वो खाटू आयो मैं सागे आ गई
श्यामधनि का दर्शन करके रोवे गा दुखडो,
बडे माहरे मन भा गयो वो सजीलो मुखड़ो

सगळा मेला घूम लई महारा मनडो को नही लागे
स्टेशन वाली मोटी मोटी बर्फी फीके लागे,
माहरे बींध के सागे माहरो माचो झगडो,
बडे माहरे मन भा गयो वो सजीलो मुखड़ो

अरे आखडली ने श्याम की सूरत नींदडल लीना आवे
सोनू लखा श्याम धनि की रुक रुक ओल्यु आवे
मने भन्ना सा समजावे जी काई को रगडो
बडे माहरे मन भा गयो वो सजीलो मुखड़ो

download bhajan lyrics (894 downloads)