अपने किए पर तो भगवान में आज बहुत पछताया
पापों की गाड़ी सर पर उठा तेरे द्वार पर आया
जय जय राम कृष्ण हरे बोलो राम कृष्ण हरे
जय जय राम कृष्ण हरे बोलो राम कृष्ण हरे
जय जय राम कृष्ण हरे
किया नहीं किया हो नहीं सकता कौन यत्न किया जाए
चला गया जो समय लौट कर वापस कैसे आए
मैं कितना बेबस हूं बस में कुछ भी कर ना पाया
पापों की गठरी सर पर उठा तेरे द्वार पर आया
जय जय राम कृष्ण हरे बोलो राम कृष्ण हरे
जय जय राम कृष्ण हरे बोलो राम कृष्ण हरे
जय जय राम कृष्ण हरे
जी चाहे मैं रो रो के ये मन की आग बुझाओ
इतना रोने को मैं अपने आंसू कहां से लाऊं
मैं कितना बेबस हूं बस में कुछ भी कर ना पाया
पापों की गठरी सर पर उठा तेरे द्वार पर आया
जय जय राम कृष्ण हरे बोलो राम कृष्ण हरे
जय जय राम कृष्ण हरे बोलो राम कृष्ण हरे
जय जय राम कृष्ण हरे
Lyrics parshotam mahasha