तेरा दर्श पाने को जी चाहता है

तेरा दर्श पाने को जी चाहता है।
खुदी को मिटाने का जी चाहता है॥

पिला दो मुझे मस्ती के प्याले।
मस्ती में आने को जी चाहता है॥

उठे श्याम तेरे मोहोब्बत का दरिया।
मेरा डूब जाने को जी चाहता है॥

यह दुनिया है एक नज़र का धोखा।
इसे ठुकराने को जी चाहता है॥

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