कान्हा बजाये मुरली

कान्हा बजाये मुरली

श्याम के प्यार में ऐसी खोई, राधा देखो दीवानी होई, दीवानी होई
श्याम के प्यार में ऐसी खोई, राधा देखो दीवानी होई,
जश्न मनाये पूरी नगरी, हाथों में है हाथ रे।
कान्हा बजाये मुरली, राधा नाचे है दिन रात रे।
कान्हा बजाये मुरली, राधा नाचे है दिन रात रे।
कान्हा बजाये मुरली, राधा नाचे है दिन रात रे।

मन मोहे सबका नंदलाला, थोड़ा राधा से है काला,
कायनात भी है शर्माती, ऐसा रूप खिला मतवाला।
कायनात भी है शर्माती, ऐसा रूप खिला मतवाला।
माक्खन चोर चुराए निंदिया, आई खुशी की रात रे।
कान्हा बजाये मुरली, राधा नाचे है दिन रात रे।
कान्हा बजाये मुरली, राधा नाचे है दिन रात रे।
कान्हा बजाये मुरली, राधा नाचे है दिन रात रे।

धरती अम्बर चाँद सितारे, राधा कृष्णा पर सब वारे,
कहे यशोदा जचते देखो, राधा और घनश्याम प्यारे ।
कहे यशोदा जचते देखो, राधा और घनश्याम प्यारे ।
प्रीत कहीं ना देखी ऐसी, ऐसा ना कोई साथ रे।
कान्हा बजाये मुरली, राधा नाचे है दिन रात रे।
कान्हा बजाये मुरली, राधा नाचे है दिन रात रे।
कान्हा बजाये मुरली, राधा नाचे है दिन रात रे।

गोकुल की गलियों में देखो, सखियां भीड़ लगाई हैं,
नगरी पूरी मगन हो गई, ऐसी तान बजाई हैं।
नगरी पूरी मगन हो गई, ऐसी तान बजाई है।
मालूवाल समीर भी कहता, आज बनी है बात रे।
कान्हा बजाये मुरली, राधा नाचे है दिन रात रे।
कान्हा बजाये मुरली, राधा नाचे है दिन रात रे।
कान्हा बजाये मुरली, राधा नाचे है दिन

विक्रमजीत विक्की

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