लुटा दिया भंडार शेरावाली ने

लुटा दिया भंडार शेरावाली ने
कर दिया माला माल शेरावाली ने

जैसी जो भावाना लाया वैसा ही वो फल पाया
नही खाली उसे लुटाया वो मन ही मन हरषाया,
कर दियां उसको निहाल शेरावाली ने
कर दिया माला माल शेरावाली ने

जो लगन लगाये सची उसकी नाव न अटकी
भेड़े को पार लगाये नही देर करे वो पल की
अरे मिटा दिया जंजाल शेरावाली ने
कर दिया माला माल शेरावाली ने

जिस ने शिंगार सजाया वो माँ का दर्शन पाया
वो मन ही मन हरषाया नैनो में रूप सजाया
कर दिया है जन्म सुधार शेरावाली ने
कर दिया माला माल शेरावाली ने

download bhajan lyrics (1172 downloads)