मेरे श्याम सलोने प्यारे मोहन ,
तुझको पाने को कितने करू मैं जतन,
जब से दिल में मेरे , तुम बस गए - २
तुझको पाने की दिल में लगी हैं लगन ,
ओ मेरे श्याम सलोने प्यारे मोहन ,
तुझको पाने को कितने करू मैं जतन,
कभी पूजा करू , कभी सेवा करू - २
कभी भजनों से तुझको रिझाऊ मोहन ,
ओ मेरे श्याम सलोने प्यारे मोहन ,
तुझको पाने को कितने करू मैं जतन,
कभी मथुरा में ढूँढू , कभी गोकुल में ढुँढू, - २
कभी वृन्दावन में तुझको ढूँढू मोहन ,
ओ मेरे श्याम सलोने प्यारे मोहन ,
तुझको पाने को कितने करू मैं जतन,
कभी राधा से पूंछू , कभी रुक्मण से पूंछू - २
कभी मीरा से जाकर मैं पूंछू मोहन ,
ओ मेरे श्याम सलोने प्यारे मोहन ,
तुझको पाने को कितने करू मैं जतन,
Bhajan Lyrics - Jay Prakash Verma, Indore